मोह दुख का कारण है – स्वस्ति भूषण माताजी –
गणिनी आर्यिका स्वस्ति भूषण माताजी के सानिध्य में पहली बार – चालीस दिन के पद्मप्रभ चालीसा पाठ – पद्मप्रभ चालीसा पाठ-गूंजे पद्मप्रभ के जयकारें-दिन में चालीस बार हो रहे पाठ-चालीस दिन तक चलेगे पाठ
बाड़ा पदमपुरा –
– मोहा है तुमने सब जगत, किन्तु निर्मोही बने। हम मोह कीचड़ में फंसे संकट सदा आये घने।। अर्थात भगवान ने पूरे संसार को मोह लिया किन्तु स्वयं निर्मोही है। किसी से कोई राग द्वेष, लगाव, मोह नहीं है। किंतु प्राणी मोह कीचड़ में फसता है तो हमेशा संकट आते रहते हैं। ये विचार गणिनी आर्यिका स्वस्ति भूषण माताजी ने श्री दिगम्बर जैन अतिशय क्षेत्र पदमपुरा में चल रहे चालीसा पाठ के मौके पर शुक्रवार को आयोजित धर्म सभा में कहे।
माताजी ने कहा कि मोह यदि किसी व्यक्ति या वस्तु के प्रति न हो तो दुख भी नहीं होगा। सामने वाली वस्तु हमसे प्रेम करने को, तारीफ करने को नहीं बोलती है फिर भी हम उसकी तरफ आकर्षित होते हैं। प्रेम देने के बाद उससे कुछ पाने की भावना रहती है कि वो भी हमसे प्रेम करे। अन्यथा हम नाराज हो जाते हैं या उससे प्रेम करना छोड़ देते हैं। वस्तुओं के साथ इक तरफा प्रेम मोह होता है। पांचों इन्द्रियों के विषय पुदगल के है, फिर जीव उससे प्रेम क्यों करता हैं। पुदगल के जीव से जुड़ने पर उसकी मान कषाय की पूर्ति होती है। अत: जीव को मोह के चक्कर में नहीं पड़ना चाहिए।
क्षेत्र कमेटी अध्यक्ष एडवोकेट सुधीर जैन एवं मंत्री एडवोकेट हेमन्त सोगानी ने बताया कि माताजी ससंघ के सानिध्य में पदमपुरा में पहली बार

भगवान पद्मप्रभ चालीसा के संगीतमय पाठ हो रहे हैं । ये पाठ चालीस दिन तक लगातार चलेंगे। एक दिन में चालीस पाठ लगातार हो रहे हैं । शुक्रवार को आयोजित चालीसा पाठ में बडी संख्या श्रद्धालुगण शामिल हुए ।
चातुर्मास कमेटी के मुख्य समन्वयक रमेश ठोलिया एवं उपाध्यक्ष विनोद जैन ‘कोटखावदा’ के अनुसार सामूहिक पाठ का शुभारंभ करने से पूर्व श्रद्धालुओं द्वारा प्रातः भगवान पद्मप्रभ के अभिषेक, शांतिधारा की गई।
इस मौके पर रमेश ठोलिया, प्रदीप जैन, विनोद जैन ‘कोटखावदा’ माणक ठोलिया, चेतन जैन निमोडिया, जिनेन्द्र जैन’जीतू’, दीपक बिलाला, अजय बडजात्या, सुबोध चांदवाड, राजीव लाखना, मनोज सोनी, राकेश पाटनी सहित
स्वस्ति भूषण चातुर्मास व्यवस्था समिति एवं पदमपुरा क्षेत्र कमेटी के कई पदाधिकारी परिवार सहित शामिल हुए। अन्त में भगवान पद्मप्रभ की संगीतमय आरती के साथ समापन हुआ। चातुर्मास कमेटी के मंत्री जितेन्द्र मोहन जैन एवं संयुक्त मंत्री दीपक बिलाला ने बताया कि शनिवार को प्रातः 7 बजे अभिषेक, शांतिधारा के बाद धर्म सभा का आयोजन किया जाएगा ।
दोपहर 3.00 बजे से सायकांल 5.00 बजे तक पद्मप्रभ चालीसा पाठ किया जाएगा। सायंकाल 7.00 बजे गुरु भक्ति, आनन्द यात्रा के आयोजन किये जायेंगे।
संकलन अभिषेक जैन लुहाडीया रामगंजमडी
