धन के दान से भी बड़ा ज्ञान का दान: आचार्य श्री सुनील सागर

सागवाड़ा। आचार्य सुनील सागर जी  महाराज ने शुक्रवार को ऋषभ वाटिका स्थित सन्मति समवशरण सभागार में प्रवचन में कहा कि धार्मिक व्यक्ति में नैतिकता का होना जरूरी है, क्योंकि बिना नैतिकता के धर्म का दुरुपयोग होता है। नैतिकता के अभाव में धार्मिक पाखंड, कपट एवं छल होना स्वाभाविक है। आत्मज्ञानी और वेद विज्ञान के ज्ञाता […]

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