भक्ति शबरी और केवट की तरह होना चाहिए संभवसागर महाराज
भक्ति शबरी और केवट की तरह होना चाहिए संभवसागर महाराज खुरई प्राचीन दिगंबर जैन मंदिर मे धर्म सभा मे भक्ति और समर्पण पर जोर दिया उन्होने कहा भक्ति सबरी एवं केवट की तरह होना चाहिए। जिसमें केवल समर्पण ही समर्पण दिखता है त्याग, तपस्चर्या इतना होने के बाद भी मन में आकुलता के भाव नहीं, […]
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