जो आत्म हित करे वह श्रमण है आचार्य कनकनदी

जो आत्म हित करे वह श्रमण है आचार्य कनकनदी भीलूड़ा शांतिनाथ मंदिर में विराजित वैज्ञानिक धर्माचार्य कनक नदी गुरुदेव ने अंतरराष्ट्रीय वेबीनार में बताया कि चींटी या अन्य कोई सूक्ष्मजीव अनजाने में मर जाने पर भी प्रायश्चित लेना चाहिए। उन्होनें कहा जो आत्म हित करे वह श्रमण है,एक उदाहरण से बताया की सांप काचली छोड़ […]

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