प.पू. भारत गौरव गणिनी आर्यिका विज्ञा श्री माता जी ससंघ का रेनवाल से हुआ भव्य विहार एवं चित्तौड़ा ग्राम में हुआ भव्य मंगल प्रवेश
रेनवाल/चित्तोड़ा
भारत गौरव आर्यिका रत्न 105 विज्ञा श्री माताजी स , संघ का आज रेनवाल मांजी में तीन दिवसीय वेदी प्रतिष्ठा महोत्सव सम्पन्न करवाने के बाद चितोडा ग्राम के लिए भव्य मंगल विहार हुआ जहां ग्राम की सीमा पर जैन समाज ने बेन्ड बाजो के द्वारा संघ की भव्य आगवानी की तथा जयकारों के साथ भ्रमण कराते हुए सघ को मंदिर जी में पाद प्रक्षालन कर आरती करके ठहराया। जैन समाज के मीडिया प्रवक्ता राजाबाबू गोधा ने अवगत कराया कि आर्यिका श्री ने श्रृद्धालुओं को उक्त समय अपने मंगलमय प्रवचन में सम्बोधित करते हुए कहा कि जिस नगर में संतों के चरण पड़ जाते हैं वहाँ की भूमि का कण-कण पवित्र हो जाता है। संतों के समागम से व्यक्तिके जीवन में बदलाव आ जाता है। संतों के दर्शन कर सेवा करने एवं सानिध्य में बैठकर, आचरण में संतों की वाणी को धारण करने से 28 भव का पाप कर्म नष्ट हो जाता है। उन्होंने कहा- भगवान की पूजा, सेवा, आराधना का फल तो भविष्य में मिलता है लेकिन संतों की आराधना का फल भविष्य के साथ-साथ वर्तमान में तात्कालिक मिलता है।गोधा ने अवगत कराया कि17 जून को संघ का प्रवेश माधोराजपुरा में होगा तथा समेलिया ग्राम में गुरु माँ के सान्निध्य में 19 जून को श्री नेमिनाथ मंदिर का जीर्णोद्धार हेतु शिलान्यास का कार्यक्रम होगा।
संकलन अभिषेक जैन लुहाडीया रामगंजमंडी
