भारत गौरव गणिनी आर्यिका रत्न 105 विज्ञा श्री माताजी स संघ का धर्म परायण नगरी बूंदी शहर में हुआ भव्य मंगल प्रवेश

पानी की बूंद की तरह आप भी साधुओ में मिलोगे तो जीवन चरित्रमय बन जायेगा आर्यिका विज्ञा श्री

बूंदी/
परम पूज्य भारत गौरव गणिनी आर्यिका रत्न 105 विज्ञा श्री माताजी स संघ का आज बूंदी शहर में भव्य मंगल प्रवेश हुआ इससे पूर्व शहर की सीमा पर जैन समाज तथा महिलाओं ने बैंड बाजों से आर्यिका संघ की भव्य आगवानी कर नगर भ्रमण कराते हुए श्री खंडेलवाल दिगम्बर जैन में पाद प्रक्षालन कर आरती करने के बाद संत भवन में ठहराया,


जैन समाज के मीडिया प्रवक्ता राजाबाबू गोधा ने अवगत कराया कि पूज्य गुरु मां ने अपने मंगलमय प्रवचन में श्रावकों को संबोधित करते हुए कहा कि एक पानी की बूंद अगर मिट्टी में मिलती है कीचड़ बन जाती है , वही बूंद अगर चातक पक्षी के मुख में जाती है तो मोती बन जाती है , वही बूंद अगर केले के पत्ते पर पड़ती है तो कपूर बन जाती है ,वहीं पानी की बूंद अगर भगवान के चरणों में जाती है गंघोदक बन जाती है ऐसे ही है बूंदी वासियों उस बूंद की तरह अगर आप भी इन साधुओं में मिलोगे तो आपका जीवन भी चरित्रमय बन जायेगा |

गोधा ने बताया कि पूज्य गुरु मां के सानिध्य में 2 मई को पूज्य गुरुदेव विराग सागर जी महाराज का 60वां जन्म जयंती दिवस मनाया जायेगा ,
प्रातः 5:30 बजे से मनोकामना पूर्ण करने वाला जिनसहस्रनाम विधान ( महार्चना ) की पूजा होगी तत्पश्चात 3 मई को गुरु मां का 11 वां गणिनी पदारोहण दिवस हर्षोल्लास से मनाया जाएगा | इसके साथ ही अक्षय तृतीया जो दान पर्व के नाम से जाना जाता है उस दिन पड़गाहन कर आदिनाथ भगवान को आहार दान देने की सभी श्रद्धालु अनुमोदना करें |
संकलित अभिषेक जैन लुहाडिया रामगंजमडी
