अंतरआत्मा की आवाज सुनकर लक्ष्य बनाना पड़ेगा शुद्धसागर महाराज
रावतभाटा
पूज्य मुनि श्री शुद्धसागर महाराज के सानिध्य में सिद्धचक्र महामंडल विधान भक्ति भाव के साथ हो रहा है। इस अवसर पर उन्होंने अपने उद्बोधन में लक्ष्य बनाकर चलने का मार्ग बताया पूज्य मुनि श्री ने कहा कि इस संसार में लक्ष्य बनाकर चलना होगा लक्ष्य के बिना मोक्ष की प्राप्ति नहीं हो सकती है इस संसार में लटकाने वाले लोग मिलेंगे अगर अरिहंत बनने की राह पर चलेगा तो यह संसार बाधक बनेगा लेकिन अपने लक से भटकना नहीं है अंतरात्मा की आवाज सुनकर लक्ष्य बनाना पड़ेगा संसार में जो रेस की प्रतियोगिता होती है, इसमें भी वही जीतता है जिसका लक्ष्य मजबूत होता है। और वही अपने अंतिम लक्ष्य तक पहुंचता है। विजय पताका को पहराता है। ठीक उसी प्रकार मोक्षमार्ग कि रेस पर चलने के लिए व्यक्ति को अपना लक्ष्य मजबूत करना पड़ेगा।
सभी विकल्पों से अपने को अधिकल्प करना पड़ेगा। शरीर और आत्मा का भेद विज्ञान समझना पड़ेगा तभी इस जीव का कल्याण संभव है। इसी माध्यम से मोक्ष की प्राप्ति के लिए इससे अलग और कोई राह नहीं है।
मंदिर जीर्णोद्धार की योजना बनी
पूज्य मुनि श्री की प्रेरणा वह सानिध्य में जीर्णोद्धार की एक योजना बनाई गई इसके अंतर्गत मंदिर का जीर्णोद्धार कराया जाएगा। जिसके लिए पुण्य अर्जक के रूप में सावला परिवार, सेठिया परिवार, बागड़िया परिवार रहेगे। इन सभी भामाशाह की समाज द्वारा बारंबार अनुमोदना की गई। व इनका बहू मान किया गया।
संकलित जानकारी
अभिषेक जैन लुहाड़िया रामगंजमंडी
