श्री अशोक पाटनी (आर.के,.मार्बल) से जुडी स्मृति 21जून 2022की स्म्रति
जब भामाशाह उदारमना 21 जून 2022 को भवानीमंडी पधारे थे अवसर था वात्सलय वारिधि आचार्य श्री 108 वर्धमान साग़र महाराज के भवानीमंडी आगमन था उन्हें देख लगा एक असाधारण व्यक्तित्व कितना साधारण है उनका जब बहुमान किया जाने लगा तो उन्होंने लेने से मना किया

















ऐसे व्यक्तित्व है यह यही दर्शाता है हम जितना विनम्र होकर चलगे उतना ही उन्नत होगे हर किसी से सामान्य होकर मधुर मुस्कान के साथ मिलना वो भी मधुर मुस्कान के साथ मिलना सन्त सेवा, समाज सेवा के प्रति समर्पित है। सचमुच यह जैन जगत का गोरव है।
अभिषेक जैन लुहाडिया रामगंजमंडी
