धर्म परायण नगरी फागी में श्री श्रमण संस्कृति संस्थान सांगानेर जयपुर के तत्वाधान में श्रमण संस्कृति संस्कार शिक्षण शिविर का आयोजन विभिन्न धार्मिक कक्षाओं के द्वारा चल रहा है

फागी

फागी में चल रहे शिक्षण शिविर में प्रातः अभिषेक शांति धारा तथा अष्टद्रव्यों से पूजा हुई और बच्चों को अभिषेक तथा पूजन की प्रक्रिया समझाई गई, कार्यक्रम में रौनक नला, निखिल लावा ने जानकारी दी कि श्रमण संस्कृति संस्थान शिविर फागी में प्रवीण जी शास्त्री और अभिषेक भैयाजी द्वारा रात्रि की रत्नकरंड श्रावकाचार कक्षा में बताया कि हमें प्रभु भक्ति का फल इसलिए नही मिल पाता है क्योंकि हम दर दर भटकते है हमारी एक जगह श्रद्धा नहीं है , जिनेंद्र देव पर अगाध श्रद्धा नही है , हमने सच्चे देव को नही पहचाना , सम्यकत्व प्राप्त करने के लिए मिथ्या धारणाएं छोड़नी ही होगी ।


शिविर में बच्चो का उत्साह अत्यंत दर्शनीय है प्रवीण भैयाजी ने बताया कि जिस समाज में बड़ो से ज्यादा बच्चो में लगन है उस समाज का उद्धार होना निश्चित है तथा जिस समाज में धार्मिक कार्यों में , मंदिर की देखरेख में बड़े नही जुड़ते या नहीं जुड़ना चाहते उस समाज के मंदिरों को खंडहर होने से कोई नहीं बचा सकता। अतः सभी परिवारों को धर्म चर्या में अग्रणी रहना चाहिए।
राजाबाबू गोधा जैन महासभा मीडिया प्रवक्ता राजस्थान
