● प्राकृत जैनागम मूलग्रन्थ स्वाध्याय●

● प्राकृत जैनागम मूलग्रन्थ स्वाध्याय● Video 02 : : गोम्म्टेश स्तुति : : छंद 03 – 04स्तुतिकार- आचार्य नेमिचन्द्र सिद्धांत चक्रवर्तीप्रस्तुति- डॉ. पुलक गोयल, जबलपुर सुकण्ठ-सोहा जिय-दिव्व-संखं,हिमालयुद्दाम-विसाल-कंधं।सुपेक्खणिज्जायल-सुट्ठु-मज्झं,तं गोम्मटेसं पणमामि णिच्चं।।3।। विंज्झायलग्गे पविभासमाणं,सिहामणिं सव्व-सुचेदियाणं।तिलोय-संतोसय-पुण्ण-चंदं,तं गोम्मटेसं पणमामि णिच्चं।।4।। भगवान गोम्म्टेश्वर बाहुबली की विश्व प्रसिद्ध स्तुति का पहली बार एक एक शब्द से अर्थ को समझने के लिए […]

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● प्राकृत जैनागम मूलग्रन्थ स्वाध्याय●

● प्राकृत जैनागम मूलग्रन्थ स्वाध्याय● Video 01 : : गोम्म्टेश स्तुति : : छंद 01 – 02स्तुतिकार- आचार्य नेमिचन्द्र सिद्धांत चक्रवर्तीप्रस्तुति- डॉ. पुलक गोयल, जबलपुर विसट्ट-कंदोट्ट-दलाणुयारं,सुलोयणं चंद-समाण-तुण्डं।घोणा जियं चम्पय-पुप्फ-सोहं,तं गोम्मटेसं पणमामि णिच्चं।।1।। अच्छाय-सच्छं जलकंत-गण्डं,आबाहु-दोलंत-सुकण्ण-पासं।गइंद-सुण्डुज्जल-बाहुदण्डं,तं गोम्मटेसं पणमामि णिच्चं।।2।। भगवान गोम्म्टेश्वर बाहुबली की विश्व प्रसिद्ध स्तुति का पहली बार एक एक शब्द से अर्थ को समझने के […]

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● प्राकृत जैनागम मूलग्रन्थ स्वाध्याय●

● प्राकृत जैनागम मूलग्रन्थ स्वाध्याय● Day 39 : : तत्त्वसार गाथा 01 – 74ग्रंथकार- आचार्य देवसेन स्वामीप्रस्तुति- डॉ. पुलक गोयल, जबलपुर तत्त्वसार | गाथा 01 से 74 तक | शुद्ध उच्चारण | सस्वर पाठ | दैनिक आम्नाय स्वाध्याय | प्रतिदिन सुनिए और याद कीजिए…➡️ प्राकृत जैनागम ग्रंथ पाठ | आम्नाय स्वाध्याय | शुद्ध पाठ | […]

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● प्राकृत जैनागम मूलग्रन्थ स्वाध्याय● Day 38 : : तत्त्वसार : अंतिम गाथा 74ग्रंथकार- आचार्य देवसेन स्वामीप्रस्तुति- डॉ. पुलक गोयल, जबलपुर सोऊण तच्चसारंरइयं मुणिणाह-देवसेणेण।जो सद्दिट्ठी भावइसो पावइ सासयं सोक्खं।।74।। Video के द्वारा अर्थ समझने के लिए click करें➡️ तत्त्वसार | आचार्य देवसेन स्वामी | द्रव्यानुयोग | गाथा 01-74 | शुद्ध पाठ | शब्दार्थ | व्याकरणिक […]

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● प्राकृत जैनागम मूलग्रन्थ स्वाध्याय● Day 37 : : तत्त्वसार गाथा 72 – 73ग्रंथकार- आचार्य देवसेन स्वामीप्रस्तुति- डॉ. पुलक गोयल, जबलपुर असरीरा जीव-घणाचरम-सरीरा हवंति किंचूणा।जम्मण-मरण-विमुक्काणमामि सव्वे पुणो सिद्धा।।72।। जं अल्लीणा जीवातरंति संसार-सायरं विसमं।तं भव्व-जीव-सरणंणंदउ सग-पर-गयं तच्चं।।73।। Video के द्वारा अर्थ समझने के लिए click करें➡️ तत्त्वसार | आचार्य देवसेन स्वामी | द्रव्यानुयोग | गाथा 01-74 […]

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●◆▬▬ஜ۩ तिगोड़ा जी ۩ஜ▬▬●◆

●◆▬▬ஜ۩ तिगोड़ा जी ۩ஜ▬▬●◆👉दिनांक:- 19 अक्टूबर 2021 👈श्री १००८ श्री आदिनाथ जिनालय मे-🛕🛕🛕🛕🛕🛕🛕🛕🛕🛕🛕👉शांतिधारा पुण्यार्जक परिवार👈(१) सुख शांति एवं समृध्दि हेतु-श्री विजय जी स्वप्निल जी अनिता जी जैन सपरिवार जयपुर(२) स्वास्थ्य आरोग्यार्थम-कु. रित्वि जी जैन सुपुत्री श्री विकास जैन मैसूर (कर्नाटक)🔺🔹❃🔹🔻🔹❃🔹🔺🔹❃🔹🔻Facebook link:-https://www.facebook.com/atishaykshetra.tigodaji💫 श्री वर्धमान युवा सेवा संघ💫Instagram link:-https://instagram.com/atishay_kshetra_tigoda_ji?igshid=1jcckgnwoiph3🏳‍🌈🏳‍🌈🏳‍🌈🏳‍🌈🏳‍🌈🏳‍🌈🏳‍🌈🏳‍🌈🏳‍🌈🏳‍🌈🏳‍🌈श्री दिगम्बर जैन अतिशय क्षेत्र तिगोड़ा जीक्षेत्र का विकास […]

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दैनिक जैन पंचांग

फ्यूचर वास्तु जयपुर , राजस्थान से >लाखों पाठको की पसंद बन चुका दैनिक जैन पंचांग 19 अक्टूम्बर 2021, मंगलवार , मास – अश्विन, शुक्ल पक्ष, चतुर्दशी💐💐💐💐💐💐💐आग्नेय कोण का किसी भी प्रकार का दोष पुत्र कष्ट मे कारण बन सकता है👇👇👇👇👇👇👇👉नक्षत्र – उत्तराभाद्रापद👉चन्द्र – मीन( आज जन्म लेने वाले बच्चो की राशि मीन होगी 👉 अभिजित- […]

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दैनिक जैन पंचांग

वास्तु विजिट अब बस18 Oct धारियावाद फ्यूचर वास्तु जयपुर , राजस्थान से >लाखों पाठको की पसंद बन चुका दैनिक जैन पंचांग 18 अक्टूम्बर 2021, सोमवार , मास – अश्विन, शुक्ल पक्ष, त्रियोदशी💐💐💐💐💐💐💐 सरल वास्तु टिप्समंदिर की मूल वेदी के दाए – बाए अगर वीडिया बनाना हो तो दोनों तरफ मुख्य वैसी से छोटी एवं नीची […]

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दैनिक जैन पंचांग

14 से 16 अक्टुम्बर तकजैसलमेर > देवीकोट > सलूम्बर > भीण्डर > उदयपुर और आसपास(वास्तु विजिट के लिए अभी कॉल करे ) फ्यूचर वास्तु जयपुर , राजस्थान से >लाखों पाठको की पसंद बन चुका दैनिक जैन पंचांग 14 अक्टूम्बर 2021, गुरूवार , मास – अश्विन, शुक्ल पक्ष, नवमी💐💐💐💐💐💐💐 सरल वास्तु >दीपावली पर नई दूकान की […]

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जैन मंदिर से दर्शन कर लौट रही बुजुर्ग महिला से लूटे लाखों के गहने

राजस्थान के सीकर शहर के जाट बाजार में शनिवार सुबह दिन दहाड़े एक बुजुर्ग महिला से सोने के जेवर लूट लिए गए। पीडि़ता सरिता जैन मंदिर में दर्शनों के लिए आई थी। वापस लौटते समय शनि मंदिर के पास मोटरसाइकिल पर सवार युवकों ने खुद को पुलिसकर्मी बताते हुए बुजुर्ग के गहने उतरवा लिए। इसके […]

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● प्राकृत जैनागम मूलग्रन्थ स्वाध्याय●

● प्राकृत जैनागम मूलग्रन्थ स्वाध्याय● Day 36 : : तत्त्वसार गाथा 70 – 71ग्रंथकार- आचार्य देवसेन स्वामीप्रस्तुति- डॉ. पुलक गोयल, जबलपुर धम्माभावे परदोगमणं णत्थि त्ति तस्स सिद्धस्स।अच्छइ अणंत-कालंलोयग्ग-णिवासिओ होउ।।70।। संते वि धम्म-दव्वेअहो ण गच्छेइ तह य तिरियं वा।उड्ढ-गमण-सहाओमुक्को जीवो हवे जम्हा।।71।। Video के द्वारा अर्थ समझने के लिए click करें➡️ https://youtu.be/0yAm7jrwbQ4 तत्त्वसार | आचार्य देवसेन […]

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● प्राकृत जैनागम मूलग्रन्थ स्वाध्याय● Day 35 : : तत्त्वसार गाथा 68 – 69ग्रंथकार- आचार्य देवसेन स्वामीप्रस्तुति- डॉ. पुलक गोयल, जबलपुर गमणागमण-विहीणोफंदण-चलणेहि विरहिओ सिद्धो।अव्वाबाह-सुहत्थोपरमट्ठ-गुणेहिं संजुत्तो।।68।। लोयालोयं सव्वंजाणइ पेच्छइ करण-कम-रहियं।मुत्तामुत्ते दव्वेअणंत-पज्जाय-गुण-कलिए।।69।। Video के द्वारा अर्थ समझने के लिए click करें➡️ तत्त्वसार | आचार्य देवसेन स्वामी | द्रव्यानुयोग | गाथा 01-74 | शुद्ध पाठ | शब्दार्थ | […]

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● प्राकृत जैनागम मूलग्रन्थ स्वाध्याय● Day 34 : : तत्त्वसार गाथा 66 – 67ग्रंथकार- आचार्य देवसेन स्वामीप्रस्तुति- डॉ. पुलक गोयल, जबलपुर घाइ-चउक्के णट्ठेउप्पज्जइ विमल-केवलं णाणं।लोयालोय-पयासंकालत्तय-जाणगं परमं।।66।। तिहुवण-पुज्जो होउंखविउ सेसाणि कम्म-जालाणि।जायइ अभूदपुव्वोलोयग्ग-णिवासिओ सिद्धो।।67।। Video के द्वारा अर्थ समझने के लिए click करें➡️ तत्त्वसार | आचार्य देवसेन स्वामी | द्रव्यानुयोग | गाथा 01-74 | शुद्ध पाठ | […]

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● प्राकृत जैनागम मूलग्रन्थ स्वाध्याय● Day 33 : : तत्त्वसार गाथा 64 – 65ग्रंथकार- आचार्य देवसेन स्वामीप्रस्तुति- डॉ. पुलक गोयल, जबलपुर ण मरइ तावेत्थ मणोजाम ण मोहो खयं गओ सव्वो।खीयंति खीण-मोहेसेसाणि य घाइ-कम्माणि।।64।। णिहए राए सेण्णंणासइ सयमेव गलिय-माहप्पं।तह णिहय-मोह-राएगलंति णिस्सेस-घाईणि।।65।। Video के द्वारा अर्थ समझने के लिए click करें➡️ https://youtu.be/WOsmbABYz6M तत्त्वसार | आचार्य देवसेन स्वामी […]

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● प्राकृत जैनागम मूलग्रन्थ स्वाध्याय● Day 32 : : तत्त्वसार गाथा 62 – 63ग्रंथकार- आचार्य देवसेन स्वामीप्रस्तुति- डॉ. पुलक गोयल, जबलपुर अप्प-सहावे थक्कोजोई ण मुणेइ आगए विसए।जाणइ णिय-अप्पाणंपिच्छइ तं चेव सुविसुद्धं।।62।। ण रमइ विसएसु मणोजोइस्सुवलद्ध-सुद्ध-तच्चस्स।एकीहवइ णिरासोमरइ पुणो झाण-सत्थेण।।63।। Video के द्वारा अर्थ समझने के लिए click करें➡️ तत्त्वसार | आचार्य देवसेन स्वामी | द्रव्यानुयोग | […]

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★ तत्त्वसार (आ. देवसेन स्वामी) ★ Question Bank 06 : गाथा 50 से 61 तक की प्रश्नोत्तरी के लिए click कीजिए➡️ https://forms.gle/Uk24XNUtTRcbihdr7 Question Bank 01 :https://forms.gle/Mx7eMmQanBNBKqJw9Question Bank 02 :https://forms.gle/H5gfRxBcK9Uk23qB9Question Bank 03 :https://forms.gle/6k45P9CrCDQ4uQgm8Question Bank 04 :https://forms.gle/91EixaBE3PobdmBq6Question Bank 05 :https://forms.gle/YqLnXVQX5jXVX37p9 Prakrit App को download जरूर कीजिए… ⬇️ https://play.google.com/store/apps/details?id=jain.prakrit

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● तत्त्वसार : Revision 6th week ● •Day 26 : गाथा 50 – 51 •Day 27 : गाथा 52 – 53 •Day 28 : गाथा 54 – 55 •Day 29 : गाथा 56 – 57 •Day 30 : गाथा 58 – 59 •Day 31 : गाथा 60 – 61 प्राकृत जैनागम के लिए समर्पित सर्वाधिक […]

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● प्राकृत जैनागम मूलग्रन्थ स्वाध्याय●

● प्राकृत जैनागम मूलग्रन्थ स्वाध्याय● Day 31 : : तत्त्वसार गाथा 60 – 61ग्रंथकार- आचार्य देवसेन स्वामीप्रस्तुति- डॉ. पुलक गोयल, जबलपुर जा किंचि वि चलइ मणोझाणे जोइस्स गहिय-जोयस्स।ताम ण परमाणंदोउप्पज्जइ परम-सुक्खयरो।।60।। सयल-वियप्पे थक्केउप्पज्जइ को वि सासओ भावो।जो अप्पणो सहावोमोक्खस्स य कारणं सो खु।।61।। Video के द्वारा अर्थ समझने के लिए click करें➡️ तत्त्वसार | आचार्य […]

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● प्राकृत जैनागम मूलग्रन्थ स्वाध्याय● Day 30 : : तत्त्वसार गाथा 58 – 59ग्रंथकार- आचार्य देवसेन स्वामीप्रस्तुति- डॉ. पुलक गोयल, जबलपुर उभय-विणट्ठे भावेणिय-उवलद्धे सु-सुद्ध-ससरूवे।विलसइ परमाणंदोजोईणं जोय-सत्तीए।।58।। किं किज्जइ जोएणंजस्स य ण हु अत्थि एरिसी सत्ती।फुरइ ण परमाणंदोसच्चेयण-संभवो सुहदो।।59।। Video के द्वारा अर्थ समझने के लिए click करें➡️ तत्त्वसार | आचार्य देवसेन स्वामी | द्रव्यानुयोग | […]

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● प्राकृत जैनागम मूलग्रन्थ स्वाध्याय● Day 29 : : तत्त्वसार गाथा 56 – 57ग्रंथकार- आचार्य देवसेन स्वामीप्रस्तुति- डॉ. पुलक गोयल, जबलपुर स-सहावं वेदंतोणिच्चल-चित्तो विमुक्क-परभावो।सो जीवो णायव्वोदंसण-णाणं चरित्तं च।।56।। जो अप्पा तं णाणंजं णाणं तं च दंसणं चरणं।सा सुद्ध-चेयणा वि यणिच्छय-णयमस्सिए जीवे।।57।। Video के द्वारा अर्थ समझने के लिए click करें➡️ तत्त्वसार | आचार्य देवसेन स्वामी […]

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