👉*वीर निर्वाण सम्वत -2547 -48 , विक्रम सम्वत – 2078
18 जुलाई , 2021 रविवार , आषाढ़ माह , शुक्ल पक्ष, नवमी
अष्टान्हिका पर्व प्रारम्भ
वास्तु – आज बहुत ही सुन्दर भक्तामर पाठ एवं मन्त्र हीलिंग का कार्यक्रम हुआ ,
यूट्यूब पर अवश्य देखे। लिंक >
👉नक्षत्र – स्वाती
👉चन्द्र – तुला
( आज जन्म लेने वाले बच्चो की तुला होंगी
👉 अभिजित – 12:06 से 13:00
👉 राहुकाल – 17:40 से 19:22
👉 दिशा शूल – पश्चिम
👉 अग्निवास – पृथ्वी
सूर्योदय – 05:37
सूर्यास्त – 19:25
➡️दिन का चौघड़िया >
उद्वेग – अशुभ
05:44 से 07:26
चर – सामान्य
07:26 से 09:09
लाभ – उन्नति
09:09 से 10:51
अमृत – सर्वोत्तम
10:51 से 12:33वार वेला
काल – हानि
12:33 से 14:15काल वेला
शुभ – उत्तम
14:15 से 15:57
रोग – अमंगल
15:57 से 17:40
उद्वेग – अशुभ
17:40 से 19:22Rahu Kalam
🌙रात्रि का चौघड़िया >
शुभ – उत्तम
19:22 से 20:40
अमृत – सर्वोत्तम
20:40 से 21:58
चर – सामान्य
21:58 से 23:15
रोग – अमंगल
23:15 से 24:33+
काल – हानि
24:33+ से 25:51+
लाभ – उन्नति
25:51+ से 27:09+काल रात्रि
उद्वेग – अशुभ
27:09+ से 28:27+
शुभ – उत्तम
28:27+ से 29:45+
वास्तु कंसलटेंट
( 20 वर्षो से निरंतर )
वास्तुविद राकेश जैन हरकारा
( फ्यूचर वास्तु जयपुर)
,Mob- 9414365650
( परामर्श ऑफिस और फोन दोनों पर सशुल्क है )
( भूमि, भवन, दूकान, फैक्ट्री, माइंस आदि की वास्तु विजिट के लिए संपर्क करें )
